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स्पोर्ट्स डेस्क : पिछले रणजी सत्र में 854 रन बनाने वाले शेल्डन जैकसन ने इस बार भारत ए और दलीप ट्राॅफी टीम में जगह न मिलने पर राष्ट्रीय चयनकर्ताओं पर भेदभाव का आरोप लगाया है। जैकसन ने इस सारे मामले को सोशल मीडिया के जरिए उठाया है और चयनकर्ताओं से मांग की है कि उन्हें बताया जाए कि आखिर किन कारणों से उन्हें टीम में नहीं रखा गया। 

जैक्सन ने ट्वीट करते हुए लिखा कि इस साल सौराष्ट्र की टीम रणजी ट्रॉफी फाइनल में खेली और हैरानी की बात है कि सभी मंचों पर प्रदर्शन के बावजूद किसी खिलाड़ी को ए सीरीज के लिए नहीं चुना गया। तो क्या रणजी ट्रॉफी फाइनल में खेलने की अहमियत शून्य है। उन्होंने कहा कि या राज्यों की छोटी टीमों को गंभीरता से नहीं लिया जाता क्योंकि पिछले 5 साल में सितांशु कोटक के मार्गदर्शन में सौराष्ट्र की टीम 3 बार फाइनल में खेली (हाल के वर्षों में हमने गेंद और बल्ले से कुछ शानदार प्रदर्शन किए) लेकिन हमें वह श्रेय नहीं मिला जिसके हम हकदार थे।' 

जैक्सन ने कहा कि मुझे इस बारे में सवाल न उठाने के लिए भी कहा गया। उन्होंने कहा कि वह ये जानने के हकदार हैं कि किस कमी के कारण ऐसा हुआ। या फिर हम यही सोचते रहे कि ऐसा क्यों हुआ? चयनकर्ताओं को पारदर्शी होना चाहिए।'' बंगाल के बल्लेबाज मनोज तिवारी ने जैकसन का समर्थन करते हुए उन्हें कहा कि आपकी हताशा सही है, डटे रहो। भगवान हमेशा आपकी रक्षा करे।' 

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