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कोलकाता : भारत के पूर्व सलामी बल्लेबाज रोबिन उथप्पा का मानना है कि अगर कर्नाटक के पूर्व कप्तान आर विनय कुमार खराब फार्म से जूझ रहे मयंक अग्रवाल को उपयोगी सलाह नहीं देते तो शायद क्रिकेट जगत को उनकी शानदार बल्लेबाजी देखने को नहीं मिलती। अग्रवाल पर उस समय कर्नाटक की राज्य टीम से भी बाहर होने का खतरा मंडरा रहा था।

अग्रवाल गुरुवार को अपने पहले ही टेस्ट शतक को दोहरे शतक में बदलने वाले सिर्फ चौथे भारतीय बल्लेबाज बने और ऐसे में टीम के उनके पूर्व साथी उथप्पा ने याद किया कि कैसे विनय के प्रेरणादायी शब्दों से इस सलामी बल्लेबाज के प्रदर्शन में सुधार हुआ। उथप्पा ने कोलकाता नाइट राइडर्स के प्रचार कार्यक्रम के इतर कहा, ‘मुझे याद है कि हम उसे रणजी मैच से बाहर करने पर विचार कर रहे थे लेकिन जब (कप्तान) आर विनय कुमार ने उन्हें प्रेरणादायी शब्द कहे तो उसने तिहरा शतक जड़ा और फिर मुड़कर नहीं देखा।' 

अग्रवाल ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में अपना पहला तिहरा शतक जड़ते हुए महाराष्ट्र के खिलाफ पुणे में नाबाद 304 रन की पारी खेली जिससे टीम ने पारी और 136 रन से जीत दर्ज की। अग्रवाल ने विशाखापत्तनम में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट में 215 रन बनाए जिससे भारत ने पहली पारी सात विकेट पर 502 रन बनाकर घोषित की। उथप्पा ने रोहित शर्मा की भी तारीफ की जिन्होंने टेस्ट सलामी बल्लेबाज के रूप में अपनी पहली ही पारी में 244 गेंद में 176 रन बनाए। उन्होंने कहा, ‘उसने हमेशा भारत और विदेश में अच्छा प्रदर्शन किया है। सफेद गेंद के क्रिकेट में भी उसका दबदबा है। वह दुनिया के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजों में से एक है।' 

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