स्पोर्ट्स डेस्क : अहमदाबाद के Narendra Modi Stadium में सुपर-8 मुकाबले में साउथ अफ्रीका से 76 रन की करारी हार के बाद पूर्व मुख्य कोच Ravi Shastri ने टीम इंडिया की रणनीति पर खुलकर बात की। उन्होंने खास तौर पर अक्षर पटेल की जगह वॉशिंगटन सुंदर को खिलाने के फैसले पर अपनी राय रखी।
“अच्छा हुआ झटका जल्दी मिल गया” – शास्त्री
शास्त्री ने ‘ICC रिव्यू’ में कहा कि टूर्नामेंट की शुरुआत में मिली यह हार भारत के लिए “वेक-अप कॉल” साबित हो सकती है। 'मुझे खुशी है कि यह हार शुरुआत में मिली। इससे टीम को अपनी रणनीति और संयोजन पर दोबारा सोचने का मौका मिलेगा। सुपर-8 में अगर एक और मैच हारते हैं तो दबाव बहुत बढ़ जाएगा।' भारत को अब चेन्नई में जिम्बाब्वे और कोलकाता में वेस्टइंडीज के खिलाफ अपने बाकी मुकाबले जीतने होंगे।
अक्षर की जगह सुंदर – क्या सही फैसला?
साउथ अफ्रीका के खिलाफ कप्तान Suryakumar Yadav ने इसे ‘टैक्टिकल कॉल’ बताया था। अक्षर पटेल को बाहर रखकर Washington Sundar को मौका दिया गया।शास्त्री का मानना है कि टीम मैनेजमेंट दोनों स्पिन ऑलराउंडर को एक साथ खिला सकती है।
'अक्षर को वापस लाना चाहिए। अगर संभव हो तो दोनों को खिलाइए। एक गेंदबाज का दिन खराब हो सकता है, इसलिए बैकअप जरूरी है।' उन्होंने यह भी कहा कि अगर अक्षर खेलते हैं तो बल्लेबाजी में गहराई बढ़ेगी और वह नंबर 8 तक मजबूती दे सकते हैं।
दोनों खेलें तो कौन होगा बाहर?
शास्त्री के मुताबिक अगर अक्षर और सुंदर दोनों प्लेइंग इलेवन में आते हैं तो किसी स्पेशलिस्ट बल्लेबाज को बाहर बैठना पड़ सकता है। इस स्थिति में Rinku Singh की जगह खतरे में पड़ सकती है। 'अगर आठ बल्लेबाज मिलकर भी काम नहीं कर सकते तो समस्या कहीं और है। असली जरूरत एक अतिरिक्त गेंदबाजी विकल्प की है।'
सेमीफाइनल में पहुंचने के दो बड़े समीकरण
पहला समीकरण
भारत अपने दोनों मैच जीत ले।
अगर साउथ अफ्रीका भी दोनों मैच जीतती है तो दोनों टीमें क्वालीफाई करेंगी।
अगर तीन टीमें 4-4 अंक पर रहती हैं तो नेट रन रेट फैसला करेगा।
दूसरा समीकरण
भारत सिर्फ एक मैच जीते।
इस स्थिति में वेस्टइंडीज को हराना अनिवार्य होगा।
फिर भी नेट रन रेट और अन्य नतीजों पर निर्भर रहना पड़ेगा।
अगर साउथ अफ्रीका दोनों मैच हार जाए तो भारत बाहर भी हो सकता है।