स्पोर्ट्स डेस्क: एमएस धोनी अपने शांत और संयमित स्वभाव के लिए जाने जाते हैं। लेकिन जो लोग उनके साथ खेल चुके हैं वे जानते हैं कि उनका एक गुस्सैल स्वभाव भी है। उन्होने तीन आईसीसी खिताब और पांच आईपीएल ट्रॉफी यूं ही नही जीते। उनके पागलपन में हमेशा एक खास अंदाज रहा है। इसी गहन एकाग्रता के चलते कई बार ऐसे पल भी आए जब शांत स्वभाव के लिए मशहूर धोनी भी अपना आपा खो बैठे।
पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज और चेन्नई सुपर किंग्स के गेंदबाज मोहित शर्मा ने एमएस धोनी के साथ ऐसा ही एक किस्सा सांझा किया। अपने करियर के शुरुआती सालो में सीएसके में धोनी की कप्तानी में खेलने वाले मोहित ने हाल ही में चैंपियंस लीग टी20 में एक किस्सा साझा किया।
कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ एक मैच के दौरान मोहित ने धोनी के एक इशारे को गलत समझा और सोचा कि उन्हें गेंदबाजी के लिए बुलाया जा रहा है। उन्हें जल्द ही एहसास हो गया कि धोनी किसी दूसरे तेज गेंदबाज को लाने का इरादा रखते है। मोहित ने उसी ओवर में एक विकेट लिया फिर भी धोनी उन्हें इस गलती के लिए डांटते रहे।
मोहित ने बताया, 'मेरे पास ऐसे कई पल आए। माही भाई शांत और धैर्यवान है। आप उनसे अपना आपा खोने की उम्मीद नही करते। एक युवा खिलाड़ी होने के नाते जब वह आप पर अपना आपा खोते है तो आप उत्साहित हो जाते है। केकेआर के खिलाफ चैंपियंस लीग टी20 में एक पल ऐसा आया जब माही भाई ने ईश्वर पांडे को गेंदबाजी के लिए बुलाया। लेकिन मुझे लगा कि उन्होंने मुझे बुलाया है। मैंने अपना रन-अप शुरू किया, लेकिन माही भाई ने कहा कि उन्होंने मुझे गेंदबाजी के लिए नहीं बुलाया है और उन्होंने ईश्वर को बुलाने की कोशिश की। अंपायर ने कहा कि मुझे गेंदबाजी जारी रखनी होगी क्योंकि मैंने अपना रन-अप शुरू कर दिया था। वह मुझ पर अपना आपा खो बैठे और गुस्सा हुए। मैंने पहली ही गेंद पर यूसुफ भाई का विकेट ले लिया। जश्न के दौरान माही भाई अभी भी गालियां दे रहे थे।'
मोहित ने आगे कहा, 'साथ ही, मैदान के बाहर भी मेरे कई पल बीते। वह ऐसे इंसान है जिन्हे चीजे सिखाना बहुत पसंद है। जब भी आप उनके साथ बैठते है तो आप सिर्फ खेल के बारे में ही नही बल्कि जिंदगी में भी कुछ न कुछ सीखते है। वह सिखाते है कि क्रिकेट कैसे एक नेक इंसान बना सकता है।'