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नयी दिल्ली : भारतीय फुटबॉल खिलाड़ियों ने याद किया कि ठीक एक साल पहले फीफा विश्व कप क्वालीफाइंग मैच में मजबूत कतर के खिलाफ ड्रा कराने के टीम के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने के लिये कैसे मुख्य कोच इगोर स्टिमक ने उन्हें प्रोत्साहित किया था।

मुख्य खिलाड़ी जैसे डिफेंडर संदेश झिंगन और गोलकीपर गुरप्रीत सिंह संधू ने खुलासा किया कि कोच के व्यवहार से खिलाड़ी किस तरह कतर के खिलाफ अच्छा प्रदर्शन करने को प्रेरित हुए। पिछले साल 10 सितंबर को भारत ने दोहा में मौजूदा एशियाई चैम्पियन कतर से यादगार गोलरहित ड्रा खेला।

इस मैच से पांच दिन पहले भारतीय टीम को गुवाहाटी में ओमान से 1-2 से हार का सामना करना पड़ा था जिसमें टीम ने अंतिम 10 मिनट में दो गोल खाये थे जबकि कप्तान सुनील छेत्री ने पहले हाफ में टीम को बढ़त दिला दी थी।

संधू ने अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ की अधिकारिक वेबसाइट पर कहा- कोच ने हमें कहा कि वह हमें डिनर पर ले जाना चाहते हैं (ओमान के खिलाफ मैच के बाद) और हमारे लिये यह थोड़ा हैरानी भरा था। लेकिन अब उसे याद करते हुए मैं निश्चित रूप से कह सकता हूं कि इसका पूरी टीम पर बहुत बड़ा असर पड़ा। ’’
एशियाई चैम्पियन के खिलाफ भारतीय टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी संभालने वाले संधू ने कहा- ओमान के खिलाफ पिछले मैच के बाद हम नतीजे से काफी निराश और गुस्से में थे। लेकिन टीम के डिनर के बाद यह पूरी तरह से बदल गया और हम सभी अब पूरी तरह से आगे वाले मैच के बारे में सोच रहे थे। ’’
पिछले महीने अर्जुन पुरस्कार से नवाजे गये सेंट्रल डिफेंडर झिंगन ने कहा, ‘‘जब हम रेस्त्रां जाने के लिये बस में बैठे तो हमारे दिमाग में ओमान से मिली हार चल रही थी। लेकिन जब हम होटल जाने के लिये बस में बैठे तो हर किसी के चेहरे पर मुस्कुराहट थी और सभी कतर के खिलाफ अच्छा करने के लिये प्रतिबद्ध थे। डिनर के बाद पूरी तरह से ‘मूड’ बदल गया।

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