Sports

स्पोर्ट्स डेस्क: मेहनत एक ना एक दिन तो रंग जरुर लाती है। आज क्रिकेट इतिहास के कई ऐसे खिलाड़ी है जो दूसरों के लिए रोल मॉडल का काम करते हैं। इंडियन क्रिकेट टीम के सितारे आज अपनी-अपनी अलग स्‍टाईल के चलते लोगों के बीच मशहूर हैं। लेकिन आज हम आपको ऐसे क्रिकेटर के बारे में बताने जा रहे हैं जिन्होंने संघर्ष के एक लंबे दौर का सामना किया। हालांकि इस खिलाड़ी ने गोलगप्पे तक बेचे, लेकिन उसका भरोसा नहीं टूटा। जी, हां हम बात कर रहे है मुंबई के युवा क्रिकेटर यशस्वी जायसवाल की। जिन्होंने विजय हजारे टूर्नामेंट में महज 6 मैच खेले और उन्होंने 564 रन ठोक भी डाले। 

PunjabKesari
दरअसल, विजय हजारे टूर्नामेंट में अब तक यशस्वी जायसवाल ने सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए है। आपको बता दें कि जायसवाल ने अब तक इस टूर्नामेंट में 6 मैच खेले और उन्होंने 112.80 की औसत से 564 रन ठोक डाले। वही जायसवाल ने टूर्नामेंट में अभी तक 2 शतक और एक दोहरा शतक भी ठोका है।हांलाकि जायसवाल इस टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले खिलाड़ी भी हैं। 

PunjabKesari
गौरतलब है इसस पहले जून 2018 यशस्वी के लिए किसी सपने से कम नहीं था। उन्हें श्रीलंका के खिलाफ अंडर-19 टीम में जगह मिली। हालांकि, शुरुआती मैचों में वह पूरी तरह से उम्मीदों पर खरे नहीं उतर सके। शुरुआती दो मुकाबलों में उनके बल्ले से रन नहीं निकले। तीसरे और चौथे मैच के लिए टीम से बाहर कर दिया गया। जब पांचवें एकदिवसीय में उन्हें फिर से जगह मिली तो यह उनके लिए करो या मरो जैसे हालात वाला मैच था। उन्होंने न केवल मैच जिताऊ सैकड़ा मारा, बल्कि टीम को सीरीज भी जिता दी।

.
.
.
.
.