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दोहा : भारत को अपनी चार गुना 400 मीटर की पुरुष और महिला रिले टीमों से काफी उम्मीदें थीं लेकिन दोनों टीमें शनिवार को निराशाजनक प्रदर्शन करते हुए विश्व एथलेटिक्स चैंपियनशिप में इन स्पर्धाओं के फाइनल में नहीं पहुंच सकी। इनके अलावा भाला फेंक एथलीट शिवपाल सिंह भी अपनी स्पर्धा के फाइनल में नहीं पहुंच सके।

भारतीय पुरुष रिले टीम तीन मिनट 03.09 सेकंड का समय निकालकर हीट दो में सातवें और ओवरआल 12वें स्थान पर रही। दोनों हीट से शीर्ष तीन-तीन टीमों और उनके बाद अगली दो सबसे तेज टीमों को फाइनल में पहुंचना था। भारतीय रिले टीम का इस स्पर्धा में सर्वश्रेष्ठ समय तीन मिनट 00.91 सेकंड था। भारतीय टीम यदि यह समय निकाल पाती तो फाइनल में पहुंच सकती थी लेकिन भारतीय टीम इस समय से काफी दूर रही। क्वालीफाई करने वाली आठवीं और अंतिम ब्रिटेन की टीम का समय तीन मिनट 01.96 सेकंड था। अमेरिका की टीम एकमात्र ऐसी टीम रही जिसने तीन मिनट से कम का समय निकाला।

महिला रिले टीम ने पुरुष टीम के मुकाबले एक स्थान का सुधार दिखाया और ओवरआल 11वें स्थान पर रही। महिला टीम हीट एक में तीन मिनट 29.42 सेकंड का सत्र का अपना सर्वश्रेष्ठ समय निकलने के बावजूद छठे स्थान और ओवरआल 11वें स्थान पर रही। भारतीय महिला टीम का इस स्पर्धा में सर्वश्रेष्ठ समय तीन मिनट 26.89 सेकंड था और यह समय उन्हें फाइनल में पहुंचा सकता था लेकिन टीम सत्र का अपना सर्वश्रेष्ठ समय निकलने के बावजूद लक्ष्य से दूर रह गयी। दोनों हीट से शीर्ष तीन-तीन टीमों और उनके बाद अगली दो सबसे तेज टीमों को फाइनल में पहुंचना था। अमेरिका की टीम महिला वर्ग के क्वालिफिकेशन में भी शीर्ष पर रही। 

 इससे पहले शिवपाल सिंह ने 78.97 मीटर की निराशाजनक थ्रो के साथ पुरुष भाला फेंक स्पर्धा के फाइनल में नहीं पहुंच सके। शिवपाल का इस स्पर्धा में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 86.23 मीटर है। उन्होंने इस स्पर्धा में अपने पहले प्रयास में 75.91 मीटर और दूसरे प्रयास में 78.97 मीटर तक भाला फेंका। उनका तीसरा प्रयास फ़ाउल रहा। वह 78.97 मीटर की थ्रो के साथ अपने ग्रुप ए में 10वें और ओवरआल 24वें स्थान पर रहकर फाइनल में पहुंचने से दूर रह गए। यदि वह अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दोहरा जाते तो आसानी से फाइनल में पहुंच सकते थे। लेकिन अंत में वह निराश कर गए। हालांकि क्वालिफिकेशन में शीर्ष पर रहने वाले जर्मनी के जोहानस वेटर की पहली ही थ्रो 89.35 मीटर रही जिसके बाद उन्होंने अगले दो प्रयास नहीं किये। स्पर्धा में 20 एथलीटों की थ्रो 80 मीटर से ऊपर रही। स्पर्धा में क्वालिफिकेशन मापदंड 84 मीटर या 12 सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रखा गया था। भाला फेंक स्पर्धा का फाइनल रविवार को होगा। 

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