Sports

खेल डैस्क : उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने रविवार को खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स 2021 का उद्घाटन किया। इससे पहले श्री कांतीरवा इंडोर स्टेडियम में शानदार उद्घाटन समारोह में साउंड एंड लाइट शो ने सबको मंत्रमुग्ध किया। समारोह में कर्नाटक की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, मल्लखंब, योगासन का भी प्रदर्शन किया गया। स्टेडियम में 2500 दर्शक उपस्थित थे जिनके सामने गायक चंदन शेट्टी ने खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स का एंथम सॉन्ग गाया। 

 

10 दिन में 4 हजार खिलाड़ी लेंगे गेम्स में हिस्सा
10 दिवसीय खेल आयोजन में पहली बार मल्लखंब को भी जोड़ा गया है। केआईयूजी 2021 में मेजबान जैन विश्वविद्यालय का प्रतिनिधित्व करते हुए भारतीय तैराक श्रीहरि नटराज ने नायडू द्वारा खेलों के उद्घाटन की घोषणा के बाद सभी एथलीटों की ओर से शपथ ली। विमल कुमार, अंजू बॉबी जॉर्ज, रीथ अब्राहम, अश्विनी नचप्पा, मलाथी होला, बीआर बीडू, एबी सुब्बैया, एसवी सुनील, वीआर रघुनाथ जैसे खेल के दिग्गज भी उद्घाटन समारोह का हिस्सा थे। गेम्स में करीब 4000 प्रतिभागी हिस्सा लेंगे।

 

हमारी संस्कृति का हिस्सा हैं योगासन और मल्लखंब
उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू खेलों के उद्घाटन पर कहा- ग्रामीण स्तर पर खेल गतिविधियों को प्रोत्साहित करने की जरूरत है। उपराष्ट्रपति ने कॉलेजों में दाखिले और विभिन्न विभागों में प्रोन्नति में खिलाडिय़ों को अतिरिक्त अंक देने का भी आह्वान किया। उन्होंने खेलों में पहली बार शुरू किए गए योगासन और मल्लखंब पर कहा कि यह हमारे ग्रामीण और स्वदेशी खेलों को संरक्षित और बढ़ावा देने के लिए बहुत महत्वपूर्ण है जो परंपरा के साथ हमारी सांस्कृतिक विरासत का हिस्सा हैं?

 

पीएम मोदी बोले- खेलों से सीखने को मिलती है टीम भावना
प्रधानमंत्री ने गेम्स के शुभारंभ पर कहा कि बेंगलुरु देश के युवा उत्साह का प्रतीक है और पेशेवरों का गौरव है। यह महत्वपूर्ण है कि यहां स्टार्टअप और खेल का संगम हो रहा है। बेंगलुरू में खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स के आयोजन से इस खूबसूरत शहर की ऊर्जा में इजाफा होगा। प्रधानमंत्री ने टीम भावना के महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने कहा- यह टीम भावना हमें खेलों से सीखने को मिलती है। आप इसे सीधे खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स में अनुभव करेंगे। यह टीम भावना हमें जीवन को देखने का एक नया तरीका भी देती है। इसी तरह, खेलों में सफलता के लिए एक समग्र दृष्टिकोण और शत-प्रतिशत समर्पण प्रमुख आवश्यकताएं हैं। खेल के मैदान से मिली ताकत और सीख भी जीवन में आगे ले जाती है। खेल, वास्तविक अर्थों में, जीवन की वास्तविक समर्थन प्रणाली है।

 

उत्साही एथलीट्स को देखकर खुशी हुई : खेल मंत्री अनुराग ठाकुर
केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि लगभग 200 विश्वविद्यालयों के करीब 4000 प्रतिभागी इन गेम्स में हिस्सा लेंगे। उन्होंने कहा- मैंने जैन विश्वविद्यालय का दौरा किया और 500 से अधिक उत्साही एथलीटों से मिला। मुझे यह देखकर बहुत खुशी हुई कि यहां खेलों के लिए विश्व स्तरीय सुविधाएं प्रदान दी गई हैं। यहां कर्नाटक के राज्यपाल थावर चंद गहलोत भी मौजूद रहे।

देखें स्टेडियम का भव्य रूप

.
.
.
.
.