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नई दिल्ली : पिस्टल निशानेबाज हीना सिद्धू ने गुरूवार को कहा कि भारत इतना बड़ा देश है कि 2022 राष्ट्रमंडल खेलों से निशानेबाजी को बाहर करने के आयोजकों के फैसले के खिलाफ एकजुटता दिखा सकता है। भारतीय ओलंपिक संघ ने पिछले महीने धमकी दी थी कि अगर बर्मिंघम खेलों में निशानेबाजी को शामिल नहीं किया जाता है तो वे खेलों का बहिष्कार कर सकते हैं। 

हीना ने कहा कि खिलाड़ियों को नुकसान करने वाला कदम नहीं उठाना चाहिए। यह पूछने पर कि बहिष्कार का विकल्प हो सकता है, उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि ऐसा पहले हो चुका है। हम पहले भी बहिष्कार कर चुके हैं। भारत बड़ा देश है और हम अपनी ताकत का इस्तेमाल कर सकते हैं।' 

उन्होंने कहा, ‘दूसरे खिलाड़ियों को नुकसान नहीं होना चाहिए। उन्हें भाग लेने का मौका मिलना चाहिए लेकिन हमें एकजुटता दिखानी होगी।' हीना ने आयोजन समिति की इस दलील को खारिज किया कि लोगों की निशानेबाजी में रूचि नहीं रह गई है। उन्होंने कहा, ‘यह सही नहीं है। जो कारण उन्होंने दिया है, वह सही नहीं है।' हीना ने इस बात पर तसल्ली जताई कि 2028 ओलंपिक तक तो निशानेबाजी ओलंपिक कार्यक्रम का हिस्सा है। 

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