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सिडनी : सिडनी क्रिकेट ग्राउंड (SCG) में खेले गए पांचवें और आखिरी एशेज टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया की पांच विकेट से जीत उस्मान ख्वाजा के लिए बेहद खास रही। इस मुकाबले के साथ ही 39 वर्षीय ख्वाजा ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया। मैच से कुछ दिन पहले ही संन्यास का ऐलान करने वाले ख्वाजा के लिए अपने करियर का आखिरी मैच जीत के साथ खत्म करना सबसे बड़ी इच्छा थी, जो पूरी भी हुई।

विदाई टेस्ट में मिला सम्मान, भावुक हुए ख्वाजा

SCG टेस्ट के पांचवें दिन जब उस्मान ख्वाजा मैदान पर उतरे, तो वह अपनी टीम के आगे-आगे चलते नजर आए और उनके साथी खिलाड़ी पीछे ठहर गए। जब वह आखिरी बार बल्लेबाजी करने उतरे, तो इंग्लैंड की टीम ने उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित किया। ऑस्ट्रेलिया को अंतिम पारी में 160 रन का लक्ष्य मिला था।

जीत के बाद बोले ख्वाजा, ‘यही मेरी आखिरी ख्वाहिश थी’

मैच जीतने के बाद ब्रॉडकास्टर से बात करते हुए ख्वाजा ने कहा, 'यह मेरे लिए बहुत मायने रखता है। इस सफर में बहुत कुछ लगा है। क्रिकेट एक शानदार खेल है। मैंने आज सुबह रैच से कहा था कि बस इसे एंजॉय करना है। लेकिन सच कहूं तो मेरी एक ही चाहत थी—जीत के साथ एशेज खत्म करना। मैं भले ही रन बनाना चाहता था या विजयी रन मारना चाहता था, लेकिन सबसे ज्यादा खुशी इस बात की है कि आखिरी मैच जीत सका और अपने साथियों के साथ जश्न मना सका।'

भावनाओं पर काबू पाना रहा सबसे मुश्किल

अपने आखिरी टेस्ट में ख्वाजा का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। उन्होंने दोनों पारियों में क्रमशः 17 और 6 रन बनाए। उन्होंने स्वीकार किया कि भावनात्मक रूप से यह मैच उनके लिए बेहद चुनौतीपूर्ण था।

ख्वाजा ने कहा, 'यह बहुत मुश्किल था। मैं खुद को शांत दिखाने की कोशिश कर रहा था, लेकिन इतने अहम टेस्ट मैच में अपनी भावनाओं पर काबू रखना आसान नहीं था। मैंने हमेशा अपने करियर में भावनाओं को कंट्रोल करने पर गर्व किया है, लेकिन इस मैच में ध्यान लगाना बेहद कठिन हो गया था।'

SCG में करियर का यादगार अंत

ख्वाजा ने आगे कहा कि उनके पूरे करियर, खासकर आखिरी दौर में, ‘प्रोसेस’ पर ही उनका भरोसा रहा, लेकिन विदाई टेस्ट में उसी प्रक्रिया पर टिके रहना भी मुश्किल हो गया था। इसके बावजूद ऑस्ट्रेलिया ने जीत दर्ज की और यही पल उनके लिए सबसे यादगार बन गया। 'हम जीत तक पहुंचे और यही बात मैं जिंदगी भर संजोकर रखूंगा—SCG में अपने करियर का अंत जीत के साथ करना।'

एशेज जीतकर खत्म हुआ 15 साल का शानदार करियर

ऑस्ट्रेलिया ने इस जीत के साथ पांच मैचों की एशेज सीरीज 4-1 से अपने नाम की और प्रतिष्ठित एशेज अर्न पर कब्जा जमाया। उसी शहर में, जहां ख्वाजा ने बचपन बिताया था और जहां उन्होंने अपना फर्स्ट क्लास और टेस्ट डेब्यू किया था, वहीं उन्होंने 15 साल लंबे यादगार अंतरराष्ट्रीय करियर को अलविदा कहा।