स्पोर्ट्स डेस्क : भारत के पूर्व कप्तान एमएस धोनी एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह क्रिकेट नहीं बल्कि ट्रैफिक नियम उल्लंघन है। रांची में ओवरस्पीडिंग के मामले में उन पर 1000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है। शहर के ऑटोमेटेड ट्रैफिक मॉनिटरिंग सिस्टम ने उनकी गाड़ी को निर्धारित गति सीमा से तेज पाया, जिसके बाद मोटर व्हीकल एक्ट के तहत ई-चालान जारी किया गया। हालांकि मामला मामूली है, लेकिन धोनी जैसे बड़े नाम से जुड़ी हर खबर तेजी से चर्चा में आ जाती है।
ऑटोमेटेड सिस्टम से पकड़ी गई स्पीड
रांची के ट्रैफिक निगरानी नेटवर्क ने धोनी की गाड़ी को स्पीड लिमिट पार करते हुए रिकॉर्ड किया। यह घटना उनके घर के आसपास के इलाके में दर्ज की गई। मामले की पुष्टि होने के बाद मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 183 के तहत डिजिटल चालान काटा गया। शहर में लागू ऑटोमेटेड सर्विलांस सिस्टम ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन की पहचान कर सीधे ई-चालान जारी करता है, जिससे प्रक्रिया पारदर्शी और त्वरित हो जाती है।
छोटी घटना, बड़ी चर्चा
हालांकि जुर्माना राशि महज 1000 रुपए है, लेकिन पूर्व भारतीय कप्तान से जुड़ा कोई भी मामला तुरंत सोशल मीडिया और फैंस के बीच चर्चा का विषय बन जाता है। धोनी आमतौर पर अपने सादगीपूर्ण जीवन और नियमों के पालन के लिए जाने जाते हैं। ऐसे में यह घटना कई लोगों के लिए चौंकाने वाली रही, भले ही इसे एक सामान्य ट्रैफिक उल्लंघन माना जा रहा हो।
हाउसिंग बोर्ड का नोटिस भी चर्चा में
यह चालान ऐसे समय में आया है जब हाल ही में झारखंड स्टेट हाउसिंग बोर्ड ने भी धोनी को एक नोटिस भेजा था। नोटिस रांची के हरमू रोड स्थित एक रेजिडेंशियल प्लॉट के कथित गलत इस्तेमाल से जुड़ा है। अधिकारियों को आशंका है कि जिस संपत्ति को आवासीय उद्देश्य से आवंटित किया गया था, उसका इस्तेमाल व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किया जा सकता है। यह वही इलाका है जहां धोनी अपने मौजूदा रिंग रोड स्थित घर में शिफ्ट होने से पहले रहते थे। हालांकि इस मामले पर धोनी या उनके प्रतिनिधियों की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
IPL 2026 की तैयारी में व्यस्त
इन कानूनी चर्चाओं के बीच धोनी का फोकस अब क्रिकेट पर है। वह CSK के साथ IPL 2026 की तैयारी में जुट चुके हैं। नेट सेशन में उनकी मौजूदगी ने फैंस के बीच उत्साह बढ़ा दिया है। पांच बार की चैंपियन टीम 2025 के निराशाजनक अभियान के बाद वापसी की कोशिश कर रही है, जहां 14 में से 10 मैच हारकर टीम तालिका में सबसे नीचे रही थी। धोनी को अनकैप्ड प्लेयर नियम के तहत 4 करोड़ रुपये में रिटेन किया गया है। भले ही अब वह शीर्ष क्रम में बल्लेबाजी नहीं करते, लेकिन डेथ ओवरों में उनकी भूमिका अभी भी अहम मानी जाती है।