स्पोर्ट्स डेस्क : 16 फरवरी को पल्लेकेले में श्रीलंका के हाथों आठ विकेट से हार के बाद ऑस्ट्रेलिया टी20 विश्व कप 2026 से बाहर होने की कगार पर पहुंच गया है। इससे पहले उसे जिम्बाब्वे के खिलाफ भी उलटफेर झेलना पड़ा था।
ग्रुप बी में ऑस्ट्रेलिया के तीन मैचों में सिर्फ 2 अंक हैं और नेट रन रेट +0.414 है। दूसरी ओर, श्रीलंका 6 अंकों के साथ सुपर 8 में पहुंच चुका है।
कैसे अब भी सुपर 8 में पहुंच सकता है ऑस्ट्रेलिया?
ऑस्ट्रेलिया के लिए राह बेहद संकरी है और अब उसे अन्य टीमों के नतीजों पर निर्भर रहना होगा। पहला कदम: उसे अपने आखिरी ग्रुप मैच में ओमान को हराना अनिवार्य है।
असली गणित: यदि जिम्बाब्वे अपने बाकी दो मैचों (श्रीलंका या आयरलैंड के खिलाफ) में से एक भी जीत जाता है, तो उसके 6 अंक हो जाएंगे और ऑस्ट्रेलिया बाहर हो जाएगा।
अगर जिम्बाब्वे एक भी मैच नहीं जीतता और ऑस्ट्रेलिया ओमान को हरा देता है, तो ऑस्ट्रेलिया और आयरलैंड 4-4 अंकों पर बराबर हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में सुपर 8 का आखिरी स्थान नेट रन रेट के आधार पर तय होगा। यानी जीत का अंतर बेहद अहम होगा।
निसंका का तूफान, श्रीलंका सुपर 8 में
इस मुकाबले में पथुम निसंका ने 52 गेंदों में नाबाद 100 रन बनाकर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ऐतिहासिक जीत दिलाई। 182 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए श्रीलंका ने शानदार बल्लेबाजी की। कुसल मेंडिस ने अर्धशतक लगाया, पवन रत्नायके ने अहम योगदान दिया; इससे पहले दुशान हेमंता ने 3/37 के करियर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन से ऑस्ट्रेलिया को 181 रन पर रोका। श्रीलंका ने 184/2 बनाकर मुकाबला आठ विकेट से जीत लिया और सुपर 8 में जगह पक्की कर ली।
क्या कहता है मौजूदा समीकरण?
श्रीलंका – सुपर 8 में क्वालिफाई
जिम्बाब्वे – खुद के हाथ में किस्मत
ऑस्ट्रेलिया – ओमान पर जीत + जिम्बाब्वे की हार जरूरी, फैसला नेट रन रेट से हो सकता है।