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स्पोर्ट्स डेस्क : भारत और बांग्लादेश के बीच कोलकाता के ईडन गार्डन्स मैदान में 2 मैचों की टेस्ट सीरीज का दूसरा और आखिरी टेस्ट मैच खेला जाएगा। इस डे-नाइट टेस्ट में दोनों टीमें पहली बार गुलाबी गेंद से खेलने उतरेंगी। ये मैच किन खिलाड़ियों के पक्ष और किनको पिंक बाॅल से परेशानी होगी ऐसे ही कुछ सवालों के जवाब भारत के महान खिलाड़ी मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) ने दिए हैं। इनके बारे में आपको भी पता होना चाहिए। आइए जानते हैं डे-नाइट टेस्ट को लेकर सचिन द्वारा कही गई 5 बड़ी बातें - 

सचिन तेंदुलकर डे-नाइट टेस्ट

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1. सचिन के मुताबिक शाम के वक्त गुलाबी गेंद को देखना थोड़ा मुश्किल होता है। उनके मुताबिक सूरज ढलते वक्त गेंद की सीम कम दिखती है और जो काफी मायने रखता है। अच्छे बल्लेबाज सीम और गेंदबाज की कलाई व उंगलियों को देखते हैं और गेंद की सीम ही ना दिखे तो गेंदबाजों को पढ़ने में उन्हें जरूर दिक्कत आएगी। 

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2. डे-नाइट टेस्ट का आखिरी सेशन सूरज ढलते वक्त शुरू होगा, ऐसे में जब फ्लड लाइट्स जलेंगी तो गेंद कुछ हरकत कर सकती है। सचिन की मानें तो मैच के दौरान ही पता चलेगा कि आखिरी सत्र में गेंद क्या कमाल दिखाती है। 

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3. सचिन के मुताबिक गुलाबी गेंद ज्यादा स्विंग हो सकती है। वहीं रिवर्स स्विंग के बारे में कुछ कहा नहीं जा सकता। हालांकि उन्होंने ये भी कहा कि भारतीय गेंदबाजों को कोई दिक्कत पेश नहीं आएगी जिसका कारण है कि भारतीय गेंदबाजों ने पूरा क्रिकेट ही एसजी गेंद से खेला है। 

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4. इस दौरान ओस भी बड़ा रोल अदा करेगी। अगर ओस गिरती है तो इसका असर कितनी देर तक रहेगा और इससे खेल कितना प्रभावित होगा ये भी देखने योग्य होगा। हालांकि उन्होंने कहा कि इस सवाल का जवाब मैच के दौरान ही मिलेगा। 

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5. डे-नाइट टेस्ट के लिए दर्शकों में शुरुआती उत्साह इसे और बी रोमांचक बनाएगा। उन्होंने कहा कि कोलकाता में खेला जाने वाला पहला डे-नाइट टेस्ट जो तय करेगा कि लोग क्या वाकई स्टेडियम आना चाहते हैं या नहीं। सचिन ने हालांकि जोर दिया कि टेस्ट मैचों में गेंद और बल्ले में संतुलन बैठाना जरूरी रहेगा। यहां गौर करने योग्य है कि डे-नाइट टेस्ट को लेकर लोगों में काफी उत्साह है और अधिकतर टिकटें भी बिक चुकी हैं। 

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