खेल डैस्क : बेंगलुरु के श्री कांतीरवा इंडोर स्टेडियम में यू मुंबा और दबंग दिल्ली के बीच 7 अक्तूबर को मैच से प्रो कबड्डी का एक नया सीजन शुरू हो जाएगा। लीग बेंगलुरु, पुणे और हैदराबाद में होनी है जहां दर्शक भी मौजूद रहेंगे। कबड्डी लीग सीजन 9 के लिए अगस्त में मेगा नीलामी करवाई गई थी। नीलामी से टीमों में बड़ा फेरबदल हुआ है। बेंगलुरु बुल्स जहां महंगे खिलाडिय़ों पर दांव लगा रही हैं तो वहीं, गत चैम्पियन दबंग दिल्ली ने अपना डिफैंस मजबूत करने की कोशिश की है। नए सीजन में कुल 12 टीमें खिताब के लिए भिड़ेंगी। आइए जानते हैं कबड्डी प्रशंसक इस सीजन से क्या उम्मीद कर सकते हैं?

तमिल थलाइवाज : क्या नई टीम के साथ समीकरण बिठा पाएंगे पवन सहरावत
नीलामी में सबसे बड़ी बोली रैली बेंगलुरु बुल्स के पूर्व स्टार पवन सहरावत के लिए लगी थी जिन्हें तमिल थलाइवाज ने रिकॉर्ड 2.26 करोड़ में खरीदा था। सहरावत पिछले सीजन के 24 मैचों में 304 अंक बनाकर लीडरबोर्ड में शीर्ष पर थे। सहरावत के नाम हरियाणा स्टीलर्स के खिलाफ एक मैच में 39 अंक बनाने का रिकॉर्ड भी दर्ज है। सहरावत के लिए बेंगलुरु के कोच रणधीर सिंह सेहरावत मार्गदर्शक रहे। रणधीर के नेतृत्व में इस रेडर ने पिछले 3 सत्रों में शानदार प्रदर्शन किया, जिसमें सीजन 6 का खिताब जीतना भी शामिल था। नीलामी में जब पवन तमिल थलाइवाज में जा रहे थे तब कोच रणधीर भावुक दिख रहे थे। लेकिन इसके साथ ही दर्शकों के लिए एक बड़ा सवाल यह भी बन गया कि क्या पवन नई टीम, नए कोच के साथ समीकरण बिठा पाएंगे? उम्मीद है कि पवन साथी रेडर अजिंक्य पवार और कोच जे. उदयकुमार के साथ तमिल थलाइवाज को अपना पहला प्रो कबड्डी खिताब जितवाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

बेंगलुरु बुल्स : महंगे खिलाड़ी क्या चल पाएंगे
बेंगलुरु बुल्स से सहरावत के जाने के बाद बेंगलुरु बुल्स ने हरियाणा स्टीलर्स के रेडर विकास कंडोला को 1.70 करोड़ की बोली लगाकर अपनी टीम में शामिल कर लिया। कंडोला ने सीजन 8 में 143 सफल रेड कर 597 रेड पॉइंट बनाए थे। विकास के पास अब कोच रणधीर सिंह सेहरावत का अनुभव, खिलाड़ी भरत और नीरज नरवाल भी होंगे जिससे बेंगलुरु का रेडिंग विभाग मजबूत होगा। बेंगलुरू के डिफैंस में सौरभ नंदल और अनुभवी डिफैंडर महेंद्र सिंह अभी भी सक्रिय हैं। इन सबके बावजूद सभी की निगाहें कंडोला पर होंगी। हालांकि पिछले कुछ सत्रों में नई टीमों द्वारा खरीदे गए महंगे रेडर अच्छा प्रदर्शन करते नहीं दिखे हैं लेकिन कंडोला और बुल्स से उम्मीद है कि वे सीजन 9 में इस प्रवृत्ति को बदलेंगे।
तेलुगु टाइटन्स : क्या कागजों पर ही मजबूत दिख रही
सीजन 9 में अगर कागजों पर देखा जाए तो तेलुगु टाइटन्स की टीम बेहद मजबूत है। उनके पास अभिषेक सिंह, रजनीश, मोनू गोयत और सिद्धार्थ देसाई जैसे कुशल रेडर हैं जबकि डिफैंस में परवेश भैंसवाल, सुरजीत सिंह, रविंदर पहल और विशाल भारद्वाज जैसे प्लेयर। अनुभवी ईरानी ऑलराऊंडर मोहसिन माघसौदलू भी है जो टीम को संतुलन देते हैं। इस टीम में कुछ खिलाड़ी ऐसे भी हैं जो अतीत में बढिय़ा काम कर चुके हैं। उदाहरण के लिए देसाई और अभिषेक सिंह यू मुंबा के लिए काम कर चुके हैं। अगर ये दोनों रेडर उस फॉर्म को बरकरार रखते हैं तो तेलुगु टाइटंस की किस्मत बदल सकती है जो पिछले सीजन में लीग टेबल में सबसे नीचे रही थी। टीम के पास मुख्य कोच वेंकटेश गौड़ और सहायक कोच मंजीत छिल्लर हैं जिनके पास काफी अनुभव हैं।

दबंग दिल्ली : क्या डिफैंडरों के सहारे रहेगी टीम
कबड्डी लीग के गत विजेता दबंग दिल्ली ने सीजन-9 के लिए युवा टीम चुनी है। उनके पास नवीन कुमार के रूप में बड़ा नाम है जोकि पिछले कुछ सत्रों में दिल्ली टीम को आगे बढ़ा रहा है। कुमार ने सीजन 8 में 207 रेड पॉइंट्स बनाए थे, वह लीग के सबसे मूल्यवान खिलाड़ी भी चुने गए थे। दिल्ली ने अपना पहला प्रो कबड्डी खिताब भी जीता। अब सीजन 9 की नीलामी में दिल्ली ने डिफैंडरों पर भारी खर्च किया है। संदीप ढुल को 40 लाख, रवि कुमार को 64.10 लाख में खरीदा गया है। दिल्ली की यह टीम स्पष्ट रूप से डिफेंडरों के इर्द-गिर्द घूम रही है। दिल्ली के पास पिछले सीजन में अजय ठाकुर, मंजीत छिल्लर, जीवा कुमार और जोगिंदर नरवाल जैसे प्लेयर थे, जिनकी कमी पूरी करना दिल्ली के लिए चुनौती होगी। नरवाल बाएं कोने के विशेषज्ञ थे, अब इस सीजन में हरियाणा स्टीलर्स की ओर से खेलते दिखेंगे।