एडिलेड (ऑस्ट्रेलिया) : ऑस्ट्रेलिया की दिग्गज ऑलराउंडर एलिस पेरी ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में एक और बड़ी उपलब्धि अपने नाम कर ली है। भारत के खिलाफ एडिलेड में खेले गए तीसरे टी20I मुकाबले के दौरान उन्होंने अपने करियर का 350वां अंतरराष्ट्रीय मैच खेला और ऐसा करने वाली वह पहली ऑस्ट्रेलियाई महिला क्रिकेटर बन गईं।
16 साल की उम्र में किया था डेब्यू
35 वर्षीय पेरी का करियर किसी प्रेरणा से कम नहीं है। उन्होंने जुलाई 2007 में न्यूजीलैंड के खिलाफ महज 16 साल की उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था। खास बात यह रही कि उन्होंने सीनियर घरेलू मैच खेले बिना ही ऑस्ट्रेलिया टीम में जगह बना ली थी।
महिला अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा मैच खेलने वाली खिलाड़ियों की सूची में वह भारत की Harmanpreet Kaur (357) और न्यूजीलैंड की Suzie Bates (355) के बाद तीसरे स्थान पर हैं।
दो खेलों के वर्ल्ड कप में देश का प्रतिनिधित्व
एलिस पेरी ने सिर्फ क्रिकेट में ही नहीं, बल्कि फुटबॉल में भी ऑस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व किया। उन्होंने 2011 फीफा महिला विश्व कप में हिस्सा लिया और दो अलग-अलग खेलों के वर्ल्ड कप में देश का प्रतिनिधित्व करने वाली पहली महिला खिलाड़ी बनीं।
करियर की यादगार शुरुआत
पेरी ने अपने टी20I डेब्यू पर इंग्लैंड के खिलाफ मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में नाबाद 29 रन बनाए और चार विकेट झटके। 2010 महिला टी20 विश्व कप में वह ऑस्ट्रेलिया की सबसे सफल गेंदबाज रहीं।
अपने करियर की शुरुआत तेज गेंदबाज के रूप में करने वाली पेरी शुरुआती दिनों में नंबर 9 पर बल्लेबाजी करती थीं। लेकिन समय के साथ उन्होंने बल्लेबाजी पर मेहनत की और टीम में नंबर 3 या 4 पर स्थायी स्थान बना लिया।
उपलब्धियों से भरा करियर
एलिस पेरी ने अंतरराष्ट्रीय और घरेलू क्रिकेट में कई खिताब जीते हैं:
ऑस्ट्रेलिया के साथ 8 विश्व खिताब
न्यू साउथ वेल्स के साथ 11 WNCL खिताब
सिडनी सिक्सर्स के साथ 2 WBBL खिताब
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के साथ 1 WPL खिताब
अंतरराष्ट्रीय आंकड़े:
14 टेस्ट में 930 रन (एक दोहरा शतक), औसत 58
165 वनडे में 4505 रन, औसत 48
171 टी20I में 2200 रन और 126 विकेट
टेस्ट में 39 विकेट और वनडे में 166 विकेट
एलिस पेरी का यह ऐतिहासिक मुकाम महिला क्रिकेट में उनकी निरंतरता, फिटनेस और समर्पण का प्रमाण है।