स्पोर्ट्स डेस्क : वडोदरा में खेले गए वनडे मुकाबले के साथ ही विराट कोहली ने एक बार फिर साबित कर दिया कि बड़े लक्ष्य और दबाव उनकी सबसे बड़ी ताकत हैं। भारतीय क्रिकेट के इस आधुनिक दिग्गज ने वनडे इंटरनेशनल में एक और बड़ी उपलब्धि अपने नाम की, जिससे उनका नाम इतिहास के सबसे सफल खिलाड़ियों की सूची में और ऊपर पहुंच गया। कोहली न सिर्फ रन बना रहे हैं, बल्कि मुश्किल परिस्थितियों में मैच जिताने वाले प्रदर्शन के साथ रिकॉर्ड बुक को लगातार अपडेट कर रहे हैं।
प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड में ऐतिहासिक उपलब्धि
विराट कोहली अब वनडे क्रिकेट में 45 प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड जीत चुके हैं। इस आंकड़े के साथ वह इस फॉर्मेट के इतिहास में तीसरे सबसे सफल खिलाड़ी बन गए हैं। उनसे आगे सिर्फ सचिन तेंदुलकर (62) और श्रीलंका के सनथ जयसूर्या (48) हैं।
यह उपलब्धि कोहली की निरंतरता और मैच के निर्णायक क्षणों में प्रभाव छोड़ने की क्षमता को दर्शाती है। हर दौर में अलग-अलग हालातों के बावजूद कोहली का प्रदर्शन टीम इंडिया के लिए गेम-चेंजर रहा है।

बड़े लक्ष्य का पीछा करने में विराट का रिकॉर्ड
300 या उससे अधिक रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए विराट कोहली का रिकॉर्ड असाधारण रहा है। ऐसी परिस्थितियों में 12 पारियों में उन्होंने 1,091 रन बनाए हैं। इस दौरान उनका औसत 121 से अधिक और स्ट्राइक रेट 125 के करीब रहा है, जो किसी भी बल्लेबाज़ के लिए अविश्वसनीय आंकड़े माने जाते हैं। इन पारियों में उन्होंने सात शतक और दो अर्धशतक जड़े हैं, जिससे यह साफ होता है कि बड़े चेज़ में कोहली का खेल और निखर जाता है।
लगातार अर्धशतकों का अनोखा रिकॉर्ड
वनडे क्रिकेट में विराट कोहली के नाम एक और खास रिकॉर्ड दर्ज है। वह पांच या उससे अधिक लगातार 50+ स्कोर बनाने का कारनामा पांच बार कर चुके हैं। यह उपलब्धि उनकी फिटनेस, मानसिक मजबूती और लंबे समय तक उच्च स्तर पर प्रदर्शन करने की क्षमता को दर्शाती है। बहुत कम बल्लेबाज़ ऐसे हैं जो इतनी बार इस निरंतरता को दोहरा पाए हों।

300+ लक्ष्य के पीछा करने में भारत नंबर वन
वनडे क्रिकेट में 300 या उससे ज्यादा रन के लक्ष्य का पीछा करने में भारत दुनिया की सबसे सफल टीम बन चुकी है। टीम इंडिया ने अब तक ऐसे 20 मुकाबले जीते हैं। इस मामले में भारत ने इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया, पाकिस्तान और न्यूजीलैंड जैसी मजबूत टीमों को पीछे छोड़ दिया है। इन जीतों में विराट कोहली की भूमिका अक्सर निर्णायक रही है, जिसने भारत की ‘चेज़ मास्टर’ की पहचान को और मजबूत किया है।
न्यूजीलैंड के खिलाफ भारत का दबदबा
न्यूजीलैंड के खिलाफ भारत का वनडे रिकॉर्ड हाल के वर्षों में बेहद प्रभावशाली रहा है। 2023 के बाद से भारत ने कीवी टीम के खिलाफ लगातार आठ वनडे मुकाबले जीते हैं। खासतौर पर घरेलू मैदानों पर 2017 से भारत ने न्यूजीलैंड के खिलाफ लगातार आठ जीत दर्ज की हैं। यह उस टीम के खिलाफ है जिसने हाल ही में लगातार नौ वनडे जीत दर्ज की थीं, लेकिन भारत ने उस सिलसिले को तोड़ दिया।

वडोदरा की जीत और ऐतिहासिक चेज
रविवार को मिली इस जीत में भारत ने न्यूजीलैंड के खिलाफ अपने इतिहास के सबसे बड़े लक्ष्यों में से एक का सफलतापूर्वक पीछा किया। यह 2010 में बेंगलुरु में 316 रन के चेज के बाद न्यूजीलैंड के खिलाफ भारत का दूसरा सबसे बड़ा सफल रन चेज़ रहा। इस जीत ने एक बार फिर दिखा दिया कि जब बात दबाव की हो, तो विराट कोहली और टीम इंडिया भरोसेमंद साबित होते हैं।