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खेल डैस्क : बतौर कोच टीम इंडिया के लिए आखिरी मैच खेल रहे रवि शास्त्री ने टी-20 विश्व कप के तहत नामीबिया के खिलाफ मैच शुरू होने से पहले अपनी जर्नी पर लंबी बातचीत की। उन्होंने कहा कि यह (यात्रा) शानदार रही। मैंने जब यह जॉब ज्वाइंन की तो मेरे में था कि मैं कुछ बदलाव लाऊंगा। कभी-कभी जीवन में आप जो हासिल करना चाहते हैं, वह उतना महत्वपूर्ण नहीं होता जितनाा आप क्या हासिल करते हैं, होता है। हमारी टीम ने पिछले पांच वर्षों में दुनिया भर में यात्रा की है और दुनिया के हर हिस्से में खेल के सभी प्रारूपों में प्रदर्शन किया। हम खेल इतिहास की महान टीमों से एक हैं। मेरे मन में इसको लेकर बिल्कुल भी संदेह नहीं है। यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि हम इस टूर्नामेंट से बाहर हो गए हैं।

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शास्त्री बोले- हमने दुनिया भर में रेड-बॉल क्रिकेट में जीत हासिल की। वेस्टइंडीज, श्रीलंका, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड में हम सीरीज का नेतृत्व करते आए हैं। इससे पहले हमें हमेशा घर के शेर कहा जाता था। लेकिन इस टीम ने दिखाया है कि उनके पास बहुत कुछ है।

वहीं, राहुल द्रविड़ के रूप में टीम इंडिया को नया कोच मिलने पर शास्त्री ने कहा कि राहुल द्रविड़ को विरासत में एक महान टीम मिली है और मुझे लगता है कि अपने अनुभव से आने वाले समय में कई उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं। यहां अभी भी ऐसे खिलाड़ी हैं जो 3-4 साल और खेलेंगे जो बहुत महत्वपूर्ण है। विराट अभी भी वहीं हैं, उन्होंने टीम के नेता के रूप में शानदार काम किया है। वह पिछले पांच वर्षों में टेस्ट क्रिकेट के सबसे बड़े एंबेसडर रहे हैं। बहुत सारा श्रेय उसे जाता है।

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वहीं, कोचिंग कार्य पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि मैं मानसिक रूप से थका हुआ हूं लेकिन मुझे उम्मीद है कि मेरी उम्र में ऐसा होता है। हमारी टीम शारीरिक और मानसिक रूप से थकी है। 6 महीने से हम कोविड के कारण लगे प्रतिबंधों में रहे। आईपीएल और क्रिकेट विश्व कप में अगर कुछ दिन होते थे अच्छा होता। हमारे पास कोई बहाना नहीं है। हम इसे मानते हैं क्योंकि हम हार स्वीकार करने से डरते नहीं हैं। 

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