स्पोर्ट्स डेस्क : T20 वर्ल्ड कप 2026 जीत के बाद भारतीय टीम के हेड कोच Gautam Gambhir ने एक ऐसा बयान दिया है, जिसने क्रिकेट जगत में नई बहस छेड़ दी है। गंभीर ने MS Dhoni को अपना संभावित उत्तराधिकारी बताते हुए कहा, 'मैं चाहता हूं कि एक दिन वह मेरी जगह लें।'
गंभीर का बयान जिसने बदल दी चर्चा
एक इवेंट के दौरान गंभीर ने धोनी की तारीफ करते हुए कहा कि उनका वर्ल्ड कप फाइनल देखने आना और उनका संदेश देना बेहद खास था। उन्होंने कहा, 'अच्छा लगा कि वह फाइनल देखने आए और मुझे मुस्कुराने को कहा। मैं चाहता हूं कि एक दिन वह मेरी जगह हों और मैं उन्हें उसी तरह संदेश दूं।' यह बयान सिर्फ तारीफ नहीं, बल्कि धोनी के कोच बनने की संभावना की ओर इशारा माना जा रहा है।
गंभीर-धोनी रिश्ते में आया बदलाव
पहले कई बार Gautam Gambhir और MS Dhoni के रिश्तों को लेकर चर्चाएं होती रही हैं। गंभीर अक्सर पंडित्री के दौरान टीम इंडिया की सफलता में धोनी को ज्यादा क्रेडिट दिए जाने पर सवाल उठाते थे। लेकिन अब दोनों के बीच सम्मान और तालमेल साफ नजर आ रहा है।
धोनी का संदेश: 'कोच साहब, आपकी मुस्कान शानदार लगती है...'
गंभीर का जवाब: 'आपसे मिलकर अच्छा लगा, मुस्कुराने की वजह भी खास है।'
क्या धोनी के पास कोच बनने की योग्यता है?
अगर अनुभव की बात करें तो धोनी के पास पारंपरिक कोचिंग अनुभव कम है। उन्होंने 2021 T20 वर्ल्ड कप में टीम इंडिया के मेंटर की भूमिका निभाई थी। लेकिन उनकी असली ताकत है: मैच को पढ़ने की अद्भुत क्षमता, दबाव में शांत रहने की कला, कप्तान के तौर पर शानदार रिकॉर्ड, IPL के जरिए T20 क्रिकेट की गहरी समझ; कई विशेषज्ञ मानते हैं कि धोनी पहले मेंटर या डायरेक्टर की भूमिका निभा सकते हैं, फिर कोच बन सकते हैं।
क्या अभी संभव है यह बदलाव?
फिलहाल यह सिर्फ एक संभावना है, तुरंत बदलाव की उम्मीद नहीं है। गंभीर का कॉन्ट्रैक्ट 2027 तक है, टीम हाल ही में ICC ट्रॉफी जीत चुकी है, बदलाव की कोई तत्काल जरूरत नहीं है; दूसरी ओर, MS Dhoni अभी भी IPL में Chennai Super Kings के लिए खेल रहे हैं और 2026 सीजन में भी नजर आ सकते हैं।
आगे क्या संकेत मिलते हैं?
गंभीर का यह बयान भविष्य की दिशा जरूर दिखाता है। भारतीय क्रिकेट में नेतृत्व परिवर्तन को लेकर चर्चा शुरू हो चुकी है और धोनी का नाम अब इस रेस में प्रमुखता से लिया जा रहा है।