Sports

स्पोर्ट्स डेस्क: फीफा विश्व कप 2026 में पुर्तगाल को अपने पहले ही मुकाबले में बड़ा झटका लगा। क्रिस्टियानो रोनाल्डो की टीम को ग्रुप-के के मैच में कांगो ने 1-1 की बराबरी पर रोक दिया। मुकाबले में पुर्तगाल का गेंद पर 75 प्रतिशत कब्जा रहा, लेकिन टीम जीत हासिल करने में नाकाम रही। वहीं, 52 साल बाद विश्व कप में लौटी कांगो ने शानदार प्रदर्शन कर इतिहास रच दिया।

रोनाल्डो का गोल का इंतजार जारी

41 वर्षीय क्रिस्टियानो रोनाल्डो के लिए यह मुकाबला बेहद निराशाजनक रहा। स्टार फॉरवर्ड पूरे मैच में सिर्फ 25 बार गेंद को छू सके, जो उनके विश्व कप करियर के सबसे कम टच में से एक है। रोनाल्डो एक भी शॉट गोलपोस्ट के अंदर नहीं लगा सके और गोल करने का उनका इंतजार जारी रहा।

उन्होंने मैच में तीन बार गोल करने की कोशिश की, लेकिन कोई भी प्रयास सफल नहीं हुआ। दूसरे हाफ में लगातार दो मौके मिले, लेकिन दोनों शॉट गोलपोस्ट के बाहर चले गए।

शानदार शुरुआत के बावजूद जीत नहीं मिली

पुर्तगाल ने मुकाबले की शानदार शुरुआत की। मैच के छठे मिनट में जुआओ नेवेस ने पेड्रो नेटो के क्रॉस पर हेडर के जरिए गोल कर टीम को 1-0 की बढ़त दिला दी। हालांकि, पहले हाफ के इंजरी टाइम में कांगो ने वापसी करते हुए बराबरी कर ली। योआने विस्सा ने आर्थर मसुआकू के शानदार क्रॉस पर हेडर लगाकर स्कोर 1-1 कर दिया।

दूसरे हाफ में भी नहीं टूटा गतिरोध

दूसरे हाफ में पुर्तगाल ने लगातार हमले किए, लेकिन किस्मत ने साथ नहीं दिया। 55वें मिनट में जुआओ कैंसलो ने शानदार बाइसाइकिल किक से गेंद को जाल में पहुंचाया, लेकिन ऑफसाइड के कारण गोल रद्द कर दिया गया। इसके बाद कांगो भी पलटवार करता रहा। सेड्रिक बाकाम्बू का जोरदार शॉट गोलपोस्ट से टकराकर लौट आया, जबकि मैच के अंतिम मिनटों में ब्रूनो फर्नांडिस भी गोल करने का सुनहरा मौका गंवा बैठे।

52 साल बाद विश्व कप में कांगो की दमदार वापसी

कांगो ने 52 साल बाद फीफा विश्व कप में वापसी की है। टीम ने आखिरी बार 1974 में 'ज़ैरे' (Zaire) के नाम से विश्व कप खेला था। उस टूर्नामेंट में उसका प्रदर्शन बेहद खराब रहा था, लेकिन इस बार टीम ने यूरोप की मजबूत टीम पुर्तगाल को ड्रॉ पर रोककर शानदार शुरुआत की। कांगो ने साबित कर दिया कि इस बार वह सिर्फ भाग लेने नहीं, बल्कि चुनौती देने आई है।

रोनाल्डो ने बनाया खास रिकॉर्ड

हालांकि रोनाल्डो गोल नहीं कर सके, लेकिन उन्होंने एक बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम किया। यह उनका लगातार छठा फीफा विश्व कप है, जिससे उन्होंने लियोनेल मेसी के छह विश्व कप खेलने के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। इसके अलावा, रोनाल्डो विश्व कप इतिहास में मैच शुरू करने वाले सबसे उम्रदराज़ आउटफील्ड खिलाड़ी भी बन गए। उन्होंने कनाडा के अतीबा हचिन्सन का रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया।

मैच के बाद क्या बोले रोनाल्डो?

मैच के बाद रोनाल्डो ने सोशल मीडिया पर लिखा, 'यह हमारी उम्मीदों जैसी शुरुआत नहीं थी, लेकिन टूर्नामेंट अभी लंबा है। हमें सिर ऊंचा रखकर अगले मुकाबले पर ध्यान देना होगा।' अब पुर्तगाल की टीम 23 जून को अपने अगले मुकाबले में उज्बेकिस्तान का सामना करेगी, जहां रोनाल्डो से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी।