गॉल (श्रीलंका) : भारतीय बल्लेबाज देवदत्त पडिक्कल मंगलवार को श्रीलंका के खिलाफ राहुल द्रविड़ के लंबे समय से चले आ रहे रिकॉर्ड को तोड़ने से चूक गए। पहली पारी में 230 गेंदों पर शानदार 167 रन बनाने के बाद पडिक्कल दूसरी पारी में भी बेहतरीन लय में दिखे। हालांकि केशरा नुवान्था की गेंद पर LBW आउट होने के कारण उनकी पारी 75 गेंदों में 44 रनों पर ही समाप्त हो गई, जिसमें छह चौके शामिल थे।
पडिक्कल का मैच का कुल स्कोर 211 रन रहा। श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट मैच में किसी भारतीय का नंबर तीन बल्लेबाज के तौर पर यह सबसे बड़ा स्कोर है, जो 2009 में अहमदाबाद टेस्ट में राहुल द्रविड़ के 215 रनों (177 और 38 रन) के बाद आया है। पडिक्कल यदि 5 रन और बना लेते तो वह श्रीलंका के खिलाफ नम्बर तीन पर सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बन जाते। द्रविड़ के नाम एक मैच में किसी भारतीय नंबर तीन बल्लेबाज के तौर पर सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड भी है। उन्होंने 2003 में एडिलेड में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 305 रन बनाए थे जिसमें उन्होंने शानदार 233 रन और फिर भारत की जीत में नाबाद 72 रन बनाए थे।
मैच की बात करें तो भारत ने अपनी दूसरी पारी में 193 रन बनाते हुए श्रीलंका को 372 रन का लक्ष्य दिया है। भारत के पास रनों की अच्छी-खासी बढ़त होने के बावजूद श्रीलंका ने मंगलवार को गॉल टेस्ट के चौथे दिन के पहले सेशन में लगातार विकेट लेकर वापसी की कोशिश जारी रखी। पहले सेशन के अंत में भारत का स्कोर 116/4 था जिसमें ऋषभ पंत (नाबाद 21) और ध्रुव जुरेल (नाबाद 5) क्रीज पर रहे जिससे स्कोर 350 प्लस पहुंचा।
इससे पूर्व पहले टेस्ट मैच के तीसरे दिन सोनल दिनुशा के पहले टेस्ट शतक के बावजूद श्रीलंका भारत के 462 रनों के जवाब में पहली पारी में केवल 284 रन ही बना सका और शुभमन गिल की कप्तानी वाली टीम ने गॉल में 178 रनों की बड़ी बढ़त हासिल कर ली। दिनुशा और विकेटकीपर-बल्लेबाज़ निरोशन डिकवेला ने छठे विकेट के लिए 146 रन जोड़े और भारतीय गेंदबाजों को रोके रखा, लेकिन तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा ने 62वें ओवर में डिकवेला को 80 रन पर आउट कर दिया। सोनल ने टिककर शतक बनाया, लेकिन सुथार (4/76) और जडेजा (3/57) ने श्रीलंका को बड़ा स्कोर बनाने का मौका नहीं दिया।