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इपोह : 27वें सुल्तान अजलन शाह कप में आखिरकार भारतीय पुरूष हॉकी टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मेजबाल मलेशिया को 5-1 से पीट दिया। बता दें कि पहले तीन मैचों में भारतीय खिलाडिय़ों का प्रदर्शन निराशाजनक रहा था। ऐसे में चौथे मैच में जीत दर्ज कर भारत ने कप के फाइनल में पहुंचने की अपनी धुंधली उम्मीदों को बरकरार रखा है। भारत की तरफ से शिलानंद लाकड़ा (10 वें मिनट), गुरजंत सिंह (42, 57), सुमित कुमार (48) और रमनदीप सिंह (51) ने गोल किए। मलेशिया की तरफ से एक मात्र गोल फैजल सारी (33वें मिनट ने किया। इस जीत से भारत ने फाइनल में पहुंचने की अपनी उम्मीद बरकरार रखी लेकिन इसके लिए उसने शुक्रवार को अंतिम दौर के मैचों में अनुकूल परिणामों के लिए दुआ करनी होगी। 
विश्व चैंपियन ऑस्ट्रेलिया ने आयरलैंड को 4-1 से हराकर फाइनल में अपनी जगह पक्की की। यह उसकी चार मैचों में चौथी जीत है। आयरलैंड को छोड़कर बाकी अन्य चार टीमों के फाइनल में पहुंचने की संभावना है। ऑस्ट्रेलिया 12 अंकों के साथ तालिका में शीर्ष पर है। उसके बाद ओलंपिक चैंपियन अर्जेंटीना (सात अंक), मलेशिया (छह), इंग्लैंड (पांच) और भारत (चार) का नंबर आता है।
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भारत को फाइनल में पहुंचने के लिए आयरलैंड को बड़े अंतर से हराना होगा और फिर आस्ट्रेलिया की अर्जेंटीना पर जीत तथा मलेशिया और इंग्लैंड के बीच अंतिम राउंड रोबिन मैच के बराबरी पर छूटने की दुआ करनी होगी। मैच की बात करें तो पिछले मैच में अर्जेंटीना पर2-1 से जीत दर्ज करने वाले मलेशिया ने जल्द ही आक्रामक रवैया अपना दिया। लेकिन पहला गोल भारत ने दागा। शिलानंद ने खेल के दसवें मिनट में गुरजंत के पास पर यह गोल किया। 
इसके तुरंत मलेशिया ने जवाबी हमला किया लेकिन भारतीय गोलकीपर सूरज करकेरा ने कुछ अच्छे बचाव किए। भारत ने दूसरे क्वार्टर में पहला पेनल्टी कार्नर हासिल किया लेकिन अमित रोहिदास के फ्लिक को मलेशियाई गोलकीपर ने बचा दिया। भारत ने तीसरे क्वार्टर के शुरू में पेनल्टी कार्नर गंवाया जिस पर फैजल सारी ने गोल किया। 
गुरजंत ने 42वें मिनट में मिले पेनल्टी कार्नर को गोल में बदलकर स्कोर 2-1 कर दिया। अंतिम क्वार्टर में भारत ने बेहतरीन खेल दिखाया। मलेशिया ने हालांकि इस क्वार्टर के शुरू में पेनल्टी कार्नर हासिल किया लेकिन करकेरा ने बेहतरीन बचाव करके भारत पर आया संकट टाला। रमनदीप ने शानदार खेल दिखाया। उनके सहयोग से सुमित ने भारत की तरफ से तीसरा गोल दागा। इसके बाद रमनदीप और गुरजंत ने पेनल्टी कार्नर को गोल में बदला। 

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