काकामिगाहारा : दसवें मिनट में लालरेम्सियामी के गोल और पेनल्टी स्ट्रोक पर गोलकीपर सविता पूनिया के शानदार बचाव के दम पर भारतीय महिला हॉकी टीम ने गत चैम्पियन चीन को हराकर 44 साल बाद एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीता । इसके साथ ही भारतीय टीम ने लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 के लिये क्वालीफाई कर लिया । पेरिस ओलंपिक 2024 के लिये यह टीम क्वालीफाई नहीं कर पाई थी ।
इससे पहले भारतीय महिला हॉकी टीम ने 1982 में दिल्ली में हुए एशियाई खेलों में स्वर्ण जीता था जब पहली बार महिला हॉकी को इन खेलों में शामिल किया गया था । पेरिस ओलंपिक रजत पदक विजेता चीन के खिलाफ भारत ने दसवें मिनट में ही लालरेम्सियामी के गोल के दम पर बढत बना ली जो अंत तक कायम रही । अपना 200वां अंतरराष्ट्रीय मैच खेल रही लालरेम्सियामी ने गोल के दाहिने ओर मिली गेंद को सीधे गोल के भीतर डाला । दूसरे क्वार्टर में सविता ने अपने बायीं ओर डाइव लगाकर पेनल्टी स्ट्रोक बचाया । चीन को रजत पदक मिला जबकि जापान ने शूटआउट में कोरिया को हराकर कांस्य पदक जीता ।