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जालन्धर : इंगलैंड के खिलाफ बर्मिंघम वनडे हारने पर भारतीय कप्तान विराट कोहली ने कहा कि अगर ऐसी पिच पर कोई बल्लेबाज रिवर्स स्विप से स्पिनर्स को छक्के मारे तो अंदेशा साफ है कि बॉलर ज्यादा कुछ नहीं कर सकते। ऐसे मौकों पर गेंदबाजों को सिर्फ अपनी लाइन लैंथ पर रहना होता है। बाऊंड्री छोटी होती है तो ऐसे में उन्हें अधिक स्मार्ट कर बॉलिंग करनी होती है। लेकिन मुझे लगा कि एक समय मैच बराबरी पर चल रहा था। हमने चीजों को वापस अपनी तरफ करने की कोशिश की थी। हम इंगलैंड को 330 तक सीमित कर खुश थे।

कोहली ने कहा कि अगर हम बल्ले से क्लीनिकल होते, तो परिणाम अलग हो सकते थे। हमारे पास एक अच्छा मौका था जब पंत और पांड्या क्रीज पर बने हुए थे। हम नियमित अंतराल पर विकेट गंवाते रहे। इससे बड़े लक्ष्य का पीछा करने में मदद नहीं मिली। अंत में इंगलैंड ने अच्छा खेल दिखाया। उन्हें सारा श्रेय जाता है। यह उन दो लोगों के साथ चर्चा करने के लिए है जो वहां थे। उन्होंने अच्छे क्षेत्रों में गेंदबाजी की और गेंद रुक रही थी, इसलिए अंत तक बल्लेबाजी करना मुश्किल था।

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