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रांचीः पूर्व चैंपियन चेन्नई सुपरकिंग्स ने आज यहां टाइटन्स के बड़े स्कोर को बौना साबित करके चार विकेट से जीत दर्ज की तथा चैंपियन्स लीग ट्वेंटी-20 में अपने अभियान का शानदार आगाज किया।

ग्रुप बी के इस मैच में पहले बल्लेबाजी का न्यौता पाने वाली दक्षिण अफ्रीकी टीम टाइटन्स ने अनुभवी एबी डिविलियर्स और कप्तान हेनरी डेविड्स के अर्धशतकों की बदौलत पांच विकेट पर 185 रन बनाए। डिविलियर्स ने 36 गेंद पर 77 रन बनाए जिसमें तीन चौके और सात छक्के शामिल हैं। सलामी बल्लेबाज डेविड्स ने 43 गेंद पर 52 रन का योगदान दिया।

सुरेश रैना (28 गेंद पर 47) और माइकल हसी (26 गेंद पर 47) के बीच दूसरे विकेट के लिये 89 रन की साझेदारी करके बड़ा लक्ष्य हासिल करने की मजबूत नींव भी रखी। इससे पहले 34 रन देकर दो विकेट लेने वाले ड्वेन ब्रावो ने 26 गेंद पर 38 रन बनाए। चेन्नई ने आखिरी क्षणों में तीन विकेट गंवाए लेकिन वह 18.5 ओवर में छह विकेट पर 187 रन बनाकर जीत दर्ज करने में सफल रहा।

चेन्नई की शुरूआत अच्छी नहीं रही और उसने तीसरी गेंद ही पर मुरली विजय (शून्य) का विकेट गंवा दिया जिन्हें रीलोफ वान डर मर्व ने बोल्ड किया। इसके बाद एक टावर की बिजली गुल होने के कारण दस मिनट तक खेल रूका रहा। रैना और हसी इसके बाद गेंदबाजों हावी हो गए। रैना ने रोवान रिचड्र्स पर दो चौके और मोर्ने मोर्कल पर छक्का जड़कर शुरूआत की।

हसी ने भी दक्षिण अफ्रीकी टीम के सबसे अनुभवी गेंदबाज मोर्कल पर तीन चौके लगाकर चार ओवर में टीम का स्कोर 50 रन के पार पहुंचा दिया। इन दोनों बल्लेबाजों की बेपरहवाह अंदाज आगे भी जारी रहा जिससे चेन्नई नौवें ओवर में 100 रन के पार पहुंच गया। उसने इस बीच हालांकि रैना का विकेट गंवाया जिन्होंने डेविड वीज की गेंद पर मिड आफ पर कैच थमाया। रैना ने पांच चौके और दो छक्के लगाए।

मोर्कल ने हसी को भी अर्धशतक पूरा नहीं करने दिया। यह आस्ट्रेलियाई बल्लेबाज उन पर लगातार दो चौके जडऩे के बाद रैना की तरह गलत टाइमिंग से शाट लगाकर डिविलियर्स को आसान कैच दे बैठा। उनकी पारी में सात चौके और एक छक्का शामिल है। ब्रावो ने इसके बाद भी टाइटन्स के गेंदबाजों को राहत नहीं लेने दी तथा अपने सदाबहार अंदाज में बल्लेबाजी की।

उन्होंने 17वें ओवर में आउट होने से पहले चार चौके और दो छक्के जड़े। इससे कप्तान महेंद्र सिंह धोनी को अपने घरेलू मैदान पर क्रीज पर उतरने का मौका मिला। दर्शकों को इसी का इंतजार था। उन्होंने भी मोर्कल पर छक्का जड़कर अपने चहेतों को रोमांचित कर दिया। धोनी इसके बाद रिचड्र्स की गेंद पर आउट हो गए जिन्होंने नए बल्लेबाज रविंदर जडेजा की गिल्लियां भी उड़ाई। एल्बी मोर्कल ने हालांकि इसी ओवर में विजयी चौका जड़ दिया। रिचड्र्स ने 29 रन देकर तीन विकेट लिए।

इससे पहले टाइटन्स को डेविड्स और जाक रूडोल्फ (17 गेंद पर 21 रन) ने सात ओवर में 46 रन जोड़कर अच्छी शुरूआत दिलाई। रूडोल्फ जब लय में दिख रहे थे तब उन्होंने दूसरा रन लेने के प्रयास में अपना विकेट गंवाया। दक्षिण अफ्रीकी टीम पर इसका खास असर नहीं पड़ा क्योंकि डिविलियर्स ने तेजी से रन बटोरने में डेविड्स का पूरा साथ दिया। इन दोनों ने मिलकर लंबे शाट खेलने से भी परहेज नहीं की जिससे टाइटन्स 12वें ओवर में तिहरे अंक में पहुंच गया।

डिविलियर्स ने जडेजा को निशाने पर रखा तथा उन पर दो छक्के लगाए। इस बीच इसी गेंदबाज के ओवर में मोहित शर्मा ने उन्हें जीवनदान भी दिया। डिविलियर्स ने तब 30 रन बनाए थे। डेविड्स के आउट होने से इन दोनों के बीच 37 गेंद पर 76 रन की साझेदारी टूटी। डेविड्स ने आर अश्विन की गेंद पर आगे बढ़कर बड़ा शॉट खेलना चाहा लेकिन वह चूक गए और बाकी काम विकेटकीपर महेंद्र सिंह धोनी ने कर दिया। डेविड्स ने अपनी पारी में चार चौके और दो छक्के लगाए।

डिविलियर्स ने जैसन होल्डर की गेंद मिड आफ पर छह रन के लिये भेजकर 27 गेंदों पर अपना अर्धशतक पूरा किया। ब्रावो ने 18वें ओवर में फरहान बेहारडीन (14 गेंद पर 21 रन) के अलावा नए बल्लेबाज डेविड वीज को भी पवेलियन भेजा। जडेजा जब अगला ओवर करने आए तो डिविलियर्स ने दो छक्के और चौका जड़कर उनका गेंदबाजी विश्लेषण बिगाड़ दिया। जडेजा हालांकि आखिरी गेंद पर उन्हें आउट करने में सफल रहे। उन्होंने इस विकेट के लिए तीन ओवर में 49 रन दिए।