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नेशनल डेस्कः छत्तीसगढ़ के लोगों के लिए अच्छी खबर है। अब वे सोशल मीडिया पर अपनी छत्तीसगढ़ी भाषा में चैट कर सकेंगे। क्योंकि गूगल ने अब छत्तीसगढ़ी की-बोर्ड लॉन्च कर दिया है। इससे अंतरराष्ट्रीय जगत में छत्तीसगढ़ी की अहमियत साबित हुई है। इस सारी कवायद में स्थानीय अधिवक्ता और छत्तीसगढ़ी-हिंदी साहित्य के जाने-माने नाम दुर्ग निवासी संजीव तिवारी ने अहम योगदान दिया है। 

हालांकि इसके बारे में बहुत कम लोगों को जानकारी थी लेकिन करीब हफ्ताभर पहले राजनांदगांव सांसद व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के बेटे अभिषेक सिंह के एक ट्विट के बाद सोशल मीडिया में हलचल बढ़ी। तब जाकर लोगों को मालूम हुआ कि गूगल ने संजीव तिवारी की मदद से छत्तीसगढ़ी भाषा को वैश्विक स्तर पर पहुंचा दिया है। अधिवक्ता संजीव तिवारी के मुताबिक, मैंने इस पर इसी साल जुलाई में एक पोस्ट लिखा था, तब लोगों के उत्साह को देखकर खुशी हुई थी। गूगल द्वारा पिछले साल से पूरे विश्व की लोक भाषाओं के मोबाइल की-बोर्ड बनाने का काम चालू किया गया। 

यह एक लम्बी प्रक्रिया थी, तकनीकी और शब्द भंडार के समुच्चय से यह संभव हुआ। संजीव तिवारी कहते हैं कि यह सौभाग्य मुझे बड़े भाई रवि श्रीवास्तव (रवि रतलामी) के संपर्क से प्राप्त हुआ था। इसके लिए मैं पिछले लगभग चार माह से प्रयासरत था।

अधिवक्ता तिवारी बताते हैं कि गूगल के द्वारा इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए जिन दो कंपनियों को काम दिया गया था, उन्हें वह छत्तीसगढ़ी के लिए अपनी स्वीकृति दे चुके थे। इसके बाद अपने दूसरे कामों के साथ उन्होंने दस हजार वाक्य टाइप किए, जिसमें एक वाक्य में न्यूनतम छ: शब्द थे। मेरे द्वारा गुरतुर गोठ डॉट कॉम में हिन्दी से अनुवाद कर प्रस्तुत किये जा रहे छत्तीसगढ़ी समाचार से बहुत सहायता मिली।